- MX ओरिजिनल ‘राइज़ एंड फॉल’ सीज़न 2 को मिला अपना विजेता, शहज़ाद पूनावाला ने जीती शानदार ट्रॉफी
- MX Original Rise and Fall Season 2 Crowns Its Champion, with Shehzad Poonawalla Taking Home the Coveted Trophy
- Harsh Rajput’s Natural and Realistic Performance in Jhaad Phoonk Wins Appreciation, Audiences Go Gaga Over His Screen Presence
- Dia Mirza Attends One Young World Summit in Cape Town to Inspire Change & Work for a Healthy Future
- Netted Sarees to Embellished Shararas: 5 Times Pragya Jaiswal Served the Ultimate Festive Fashion Goals
कोरोना से अनाथ शिवानी को मिला नया सहारा
मंत्री सिलावट ने सौपा नियुक्ति पत्र
इंदौर. कोरोना महामारी के प्रकोप से अनाथ हुई शिवानी को जीने का नया सहारा मिल गया है. उसे आज जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट ने सांवेर पहुंचकर नियुक्ति पत्र सौपा. इस बालिका को आँगनवाड़ी सहायिका के रूप में नियुक्ति प्रदान की गई है. इस बालिका की माताजी श्रीमती आशा बामनिया, जो कि बीसाखेड़ी में आँगनवाड़ी सहायिका के रूप में नियुक्त थी, उनकी तथा उनके पति पोपसिंह की कोरोना महामारी से मृत्यु हो गई थी. यह बच्ची अनाथ हो गई थी. साथ ही इसके ऊपर दो नाबालिग बहनों की जिम्मेदारी भी आ गई. शासन-प्रशासन ने सुध ली और इनके जीवन को संवारने की कार्यवाही शुरू की.
मंत्री तथा स्थानीय विधायक तुलसीराम सिलावट ने पहल कर शिवानी को आँगनवाड़ी सहायिका के रूप में अनुकम्पा नियुक्ति दिलवाई. शिवानी की दो नाबालिग बहनों को मुख्यमंत्री कोविड बाल सेवा योजना के तहत पाँच-पाँच हजार रूपये प्रतिमाह दिलवाने की व्यवस्था भी की गई. इस योजना के तहत उक्त बालिकाओं के शिक्षण, राशन सहित अन्य जरूरतों की पूर्ति भी राज्य शासन द्वारा की जायेगी. साथ ही इन बालिकाओं को एक अन्य योजना के अन्तर्गत दस लाख रूपये की मदद भी मुहैया कराई जा रही है.
मंत्री श्री तुलसीराम सिलावट ने कहा कि इन बच्चियों के भविष्य को संवारने के लिये कोई कोर-कसर नहीं रखी जायेगी. एक निजी उद्यमी के माध्यम से इनके विवाह के खर्च की व्यवस्था भी की जायेगी. इसके लिये विजयश्री प्रिंटिंग के संचालक ने अपनी सहमति प्रदान की है. उक्त तीनों बालिकाएं अब अपने सुरक्षित भविष्य के लिये आशान्वित हैं. इन्होंने मंत्री श्री सिलावट के प्रति विशेष आभार व्यक्त किया है. सांवेर में आज आयोजित कार्यक्रम में मंत्री ने इन बालिकाओं को वस्त्र भी भेंट किये।


